

डाॅ. भीम राव अम्बेडकर जयंती के अवसर पर डाॅ. अमित कुमार (जाॅन) ने उन्हें नमन् किया और श्रृद्धांजलि भी अर्पित की वहीं उनके कार्यों की चर्चा भी की। उनके अतुलनीय बलिदान को कभी भी भुलाया नहीं जा सकता है जिसने समाज को कानून व्यवस्था प्रदान की और एक नयी दशा और दिशा दी वहीं डाॅ. अम्बेडकर को मानने वाले सभी लोगों से आवाहन किया कि वह पढा़ई को एक हथियार के रूप में तैयार करें जिससे समाज का भला हो और उन्नति मिले। साथ ही साथ अपने हक के लिए कानूनी तरीके से भी लड़े परन्तु किसी भी तरह की असामाजिक कार्यों को ना करें और कानून के दायरे में डाॅ. भीम राव अम्बेडकर के पद चिन्हों पर चलने का प्रयास करें।




