
अफसर है साहब जो दिल और मन में आये वही करेंगे, है हिम्मत किसी की जो वर्दी के आगे मुॅंह भी खोल दे, ससुर डीजीपी और हम तो उनके दामाद।



अफसर है साहब जो दिल और मन में आये वही करेंगे, है हिम्मत किसी की जो वर्दी के आगे मुॅंह भी खोल दे, ससुर डीजीपी और हम तो उनके दामाद।
